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BSNL कंपनी हो सकती है बंद, ग्राहकों और कर्मचारियों को लग सकता है बड़ा झटका

रिलायंस जियो के टेलीकॉम की दुनियां में उतरने के बाद मची हलचल अभी तक थमने का नाम नहीं ले रही है। जियो ने आते ही टेलीकॉम मार्किट को कुछ ऐसा प्रभावित कर दिया था कि कुछ बड़ी कंपनियों को मर्ज होना पड़ा तो कुछ को बंद होना पड़ा। अब कुछ ऐसी ही स्थिति भारतीय संचार निगम लिमिटेड का भी है। खबरें तो आ रही हैं कि बीएसएनएल की सेवाएं जल्द बंद हो सकतीं हैं। 

प्रतीकात्मक

 

सरकार ने रखे कंपनी के सामने तीन विकल्प

जियो के टेलीकॉम मार्केट में आने के बाद कंपनियों में प्राइस वार छिड़ी हुई है। जिससे सरकारी टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल बंद होने की कगार पर पहुंच गई है। दरअसल कंपनी लगातार घाटे में चल रही है, जिसके बाद सरकार ने बीएसएनएल को बंद करने का सुझाव दिया है। कंपनी को इस सुझाव पर विचार करने को कहा गया है। ऐसे में अगर कंपनी बंद होती है तो कर्मचारियों और यूजर्स को भी बड़ा झटका लग सकता है। बताया जा रहा है कि सरकार ने बीएसएनएल को 3 विकल्पों पर विचार करने को कहा है। इनमें से पहला कंपनी का रणनीतिक विनिवेश, दूसरा कंपनी को बंद करना और तीसरा कंपनी को दोबारा मजबूत बनाकर खड़ा करना है। 

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कंपनी को साल 2016-17 में हुआ 4793 करोड़ का नुकसान

वहीँ खबर मिली है कि हाल में BSNL के बड़े अधिकारियों की एक बैठक हुई थी, जिसमें कंपनी के टेलीकॉम सेक्रेटरी अरूण सुंदरराजन ने कंपनी की मौजूदा हालात पर बात करते हुए कंपनी की वार्षिक रिपोर्ट शेयर की। रिपोर्ट के अनुसार कंपनी को साल 2016-17 में लैंडलाइन, ब्रॉडबैंड और बैंडविथ जैसे कारोबार में 4793 करोड़ का नुकसान हुआ है। जबकि इसके बाद की रिपोर्ट अभी सामने नहीं आई है। 

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50-60 साल के कर्मचारियों को रिटायरमेंट दे सकती है सरकार

वहीँ कंपनी का कहना है कि उनके अधिक उम्र के कर्मचारी भी कंपनी के नुकसान की बड़ी वजह हैं। क्योंकि उनकी सैलरी बहुत ज्यादा है। जिसके बाद अब कंपनी द्वारा 50-60 साल के कर्मचारियों को टारगेट किया जा सकता है। दरअसल कंपनी में इस उम्र के करीब 67 हजार कर्मचारी हैं। कंपनी का मानना है कि अगर आधे यानी 33,846 कर्मचारियों को भी यदि रिटायरमेंट दे दिया जाता है तो कंपनी को 3,000 करोड़ रुपये की बचत होगी।