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अगर कांग्रेस पार्टी मुझे दोबारा स्वीकार करती है तो छोड़ दूंगी AAP - अलका लांबा

आम आदमी पार्टी की चांदनी चौक से विधायक अलका लांबा की पार्टी के साथ लगातार दूरियां बढ़ती जा रही हैं। एक समय था जा अलका लांबा पार्टी में तेजतर- रार नेता के नाम से जानी जाती थी। लेकिन आज समय बदल गया है। अब जब लोक- सभा चुनाव की हलचल पुरे देश में चल रही है ऐसे समय में अलका लम्बा का दिया गया ऐसा व्यान पार्टी में फुट का कारण बन सकता है। 

प्रतीकात्मक

 

अंग्रेजी अखबार The Indian Express की एक रिपोर्ट के अनुसार- आप विधायक ने कहा कि 'अगर कांग्रेस पार्टी मुझे दोबारा स्वीकार करती है तो मैं जाऊंगी. सिर्फ दिल्ली में ही नहीं बल्कि पंजाब और हरियाणा में कांग्रेस से गठबंधन की भीख मांग कर 'आप' पुरी तरह से एक्सपोज हो चुकी है.' 

प्रतीकात्मक

 

बता दें अलका लांबा 1995 में दिल्ली यूनिवर्सिटी स्टूडेंट यूनियन की अध्यक्ष बनने के बाद चर्चा में आई थीं।  इसके दो साल बाद उनको कांग्रेस के छात्र संगठन एनएसयूआई का राष्ट्रीय अध्यक्ष बना दिया गया था। अलका ने साल 2013 की दिसंबर में अरविन्द केजरीवाल की आम आदमी पार्टी जॉइन की। अलका लांबा कांग्रेस छोड़ते वक्त कहा था कि जिनके लिए अभी तक गाली खाई (यानी कांग्रेस) वो कोई और नहीं मेरे अपने ही थे और जिनसे गाली खाई(यानी आप) वो मेरे अपने से लगते हैं.'